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कैंसर क्या है इसके कारण और इसका इलाज

कैंसर क्या है इसके कारण और इसका इलाज

What is Cancer In Hindi : कैंसर एक ऐसी बीमारी है जो कि दूसरी सभी बीमारियों से अलग बीमारी है और यदि बात की जाए.तो कैंसर को एक वाक्य में परिभाषित करना बहुत ही मुश्किल है क्योंकि कैंसर एक बहुत बड़ी बीमारी है. और हमारे शरीर के ऊपर लगभग 100 से भी ज्यादा कैंसर हो सकते हैं. और इसके अलावा कुछ ऐसी और भी बीमारियां होती है. जो कैंसर के लक्षणों के कारण होती है. या कैंसर की जैसी ही होती है उनको भी लगभग सभी को कैंसर ही बोल दिया जाता है. और कैंसर एक ऐसी बीमारी है.

यह हमारे शरीर के किसी भी अंग को प्रभावित कर सकती है हमारे पूरे शरीर के ऊपर कहीं पर भी किसी भी तरह का हो सकता है.यहां तक कि आंख और दिल में भी कैंसर हो सकता है. पुरुषों में सबसे ज्यादा कैंसर गले और मुंह में होते हैं. यह लगभग 7% कैंसर वाले मनुष्य में देखा गया है. कि उनकी गले और मुंह में कैंसर मिलता है. उसके बाद सबसे ज्यादा पुरुषों में फेफड़े का कैंसर होता है.इसके अलावा पेट से कैंसर होते हैं और अगर बात की जाए महिलाओं की महिलाओं में सबसे ज्यादा सर्वाइकल के श्लोक होते हैं और उसके बाद सबसे ज्यादा आंकड़ों में ब्रेस्ट कैंसर देखा गया है. जो महिलाओं को बहुत ही ज्यादा होता है.

कैंसर क्या होता है

जैसा कि आप सभी जानते हैं हमारा शरीर कोशिकाओं से बना होता है.जैसा कि हम सभी जानते हैं हमारा शरीर का हर एक अंग कोशिकाओं से बना होता है और जैसे-जैसे शरीर को जरूरत होती है वैसे ही यह कोशिकाएं अलग-अलग विभाजित होकर बढ़ती रहती है. लेकिन कई बार इन कोशिकाओं को बढ़ने की जरूरत नहीं होती. लेकिन फिर भी यह शरीर के अंदर बढ़ती ही रहती है. और उन बिना जरूरत के इन कोशिकाओं का फड़कना शरीर के लिए हानिकारक होता है. क्योंकि इनके बिना जरूरत के बढ़ने से शरीर में कहीं पर गांठ या ट्यूमर बन जाता है.

ट्यूमर क्या होता है

ट्यूमर दो प्रकार के होते हैं बिनाइन ट्यूमर, मैलिग्नेंट ट्यूमर लेकिन आपको यह बात जरूर देनी चाहिए. नीचे हम आपको इन दोनों ट्यूमर के बारे में थोड़ा विस्तार से बताएंगे तो सबसे पहले हम बात करेंगे बिनाइन ट्यूमर में तो देखिए.

1. बिनाइन ट्यूमर – बिनाइन ट्यूमर गैर कैंसर होते हैं. बिनाइन ट्यूमर से जीवन को कोई भी खतरा नहीं होता है और यह ट्यूमर शरीर के दूसरे समय में भी नहीं फैलते हैं. और यह जिस अंग में होते हैं. वहीं पर रहते हैं और इनको सर्जरी के द्वारा उस अंग से बाहर निकाला भी जा सकता है.
2. मैलिग्नेंट ट्यूमर – मैलिग्नेंट ट्यूमर कैंसर के होते हैं. और यह धीरे-धीरे शरीर के दूसरे अंगों में फैलने लगते हैं.और उसके बाद और दूसरे अंगों को भी पूरी तरह से अपने काबू में कर लेते हैं. मैलिग्नेंट ट्यूमर की ताकत इतनी ज्यादा होती है. कि यह अलग हो जाते हैं. और खून में चले जाते हैं. जिसके कारण कैंसर बहुत ही तेजी से शरीर के दूसरे अंगों में खेलना शुरु हो जाता है. और इसमें कैंसर एक अंग से शुरू होकर दूसरे अंग तक पहुंच जाता है. लेकिन इस कैंसर को नाम उसी अंग का दिया जाता है. जहां से यह शुरू होता है. यानी सबसे पहली बार जहां पर यह कैंसर पनपता है. उसका नाम इस कैंसर को दिया जाता है.

मान लीजिए किसी आदमी को दिल में कैंसर हुआ है. और वह धीरे-धीरे फैल कर गले तक या मुंह तक फैल गया है. तो उस कैंसर को मुंह का कैंसर नहीं बोला जाएगा बल्कि उसको दिल का कैंसर बोला जाएगा. क्योंकि वह सबसे पहले दिल में हुआ था. और उसके बाद वह धीरे-धीरे बढ़ता हुआ मुंह या गले तक पहुंच गया और ऐसे ही ट्यूमर खून में मिल जाने कारण शरीर के दूसरे अंगों तक पहुंचता है.और वहां पर भी कैंसर पैदा हो जाता है.

और आपको एक बात और बता देते हैं कि फैलने की यह प्रक्रिया किसी दूसरे अंग तक जाकर रुक नहीं जाती बल्कि यह धीरे-धीरे करके पूरे शरीर को अपने काबू में पा लेती है. और उसके बाद आदमी की मौत हो जाती है. यानी जब तक चलती रहेगी. जब तक किसी आदमी की मृत्यु ना हो जाए तो इसका समय पर ही इलाज करना बहुत जरूरी होता है. नहीं तो यह बहुत तेजी से फैलने लगती है.

कैंसर के लक्षण

अब हम आपको बता देते हैं कि कैंसर के लक्षण क्या होते हैं. क्योंकि यह आपके लिए जानना बहुत ही जरूरी है. कि कैंसर के लक्षण किस तरह के होते हैं. जैसा की हमने आपको ऊपर बताया है. कि कैंसर से 100 ज्यादा तरह के होते हैं. और इन सभी कैंसर के अलग-अलग प्रभाव अलग-अलग लक्षण होते हैं. क्योंकि सबसे पहले यह देखा जाता है. कि कैंसर किस प्रकार का है उसके बाद ही उसके लक्षण दिखाई देते हैं. सामान्य रूप से देखा जाए तो कैंसर के कारण भूख में कमी, वजन कम होना, बुखार रहना या कमजोरी, थकान आदि समस्याएं उत्पन्न होने लगती है, लेकिन यह समस्याएं सिर्फ कैंसर के कारण ही नहीं हो सकती है. यह आपको किसी आम या साधारण सी बीमारी के कारण भी हो सकती हैं.और इसके अलावा कैंसर की कुछ और भी शुरुआती लक्षण होते हैं जिनके बारे में हम आपको नीचे बता रहे हैं आप इन को ध्यान से पढ़िए तो देखिए.

लक्षण

1. शरीर में किसी भी तरह की गांठ महसूस होना या गांठ का होना.
2. 3 हफ्ते से ज्यादा खांसी या पिछले कुछ ज्यादा समय से ही खांसी का रहना भी कैंसर का कारण है इसके कारण आपको कैंसर हो सकता है यह कैंसर के शुरुआती कारण होते हैं.
3. शरीर के किसी दूसरे भाग से खून का आना जैसे महिलाओं को पीरियड के अलावा बीच-बीच में खून आना यह कैंसर के लक्षण हो सकते हैं.
4. मुंह में किसी भी तरह का कोई छल्ला जो लंबे समय तक भर नहीं रहा होता है.
5. मुंह खोलने चबाने निगलने या खाना हजम करने में किसी भी तरह की दिक्कत होना यह भी लक्षण के मुख्य कारणों में से एक कारण है.
6. शरीर में लंबे समय तक एसिडिटी रहना या ठीक ना होना भी कैंसर का लक्षण है. लेकिन इसका मतलब सिर्फ यही नहीं होता है कि आपको कैंसर है यह किसी और कारण से भी हो सकता है. लेकिन यह कैंसर के शुरुआती लक्षणों में से एक माना जाता है.
7. हिमोग्लोबिन यानी HB का बहुत ही कम हो जाना.
8. तिल या मस्से में बदलाव आना या किसी जख्म का न भरना कमर पेट या पीठ में लगातार दर्द का रहना. यह शरीर के किसी भाग पर चोट लगने के बाद खून का बंद ना होना.
9. कैंसर का मुख्य कारण दर्द होता है अगर आपको किसी भी तरह से कोई परेशानी है और उसमें दर्द बहुत ज्यादा हो रहा है तो उन्हें कैंसर का कारण है लेकिन कैंसर का कारण सिर्फ दर्द ही नहीं है. इसके अलावा और भी बहुत से काम है. जैसा की हमने आपको पर बताया है लेकिन दर्द कैंसर में तब होता है जब कैंसर बहुत ज्यादा आगे बढ़ जाता है. अब हम बात करेंगे कि आखिरकार कैंसर होता क्यों है क्या कारण जिससे कि कैंसर होता है.

कारण

वैसे तो अगर देखा जाए तो कैंसर का मुख्य कारण बता पाना बहुत ही मुश्किल है कि आखिरकार कैंसर होता क्यों है. लेकिन कुछ रिपोर्ट के अनुसार यह माना जाता है कि बहुत से ऐसे कान होते हैं जिनके कारण कैंसर का होना संभव होता है. जैसे

1. जो लोग बीड़ी तंबाकू सिगरेट आदि का सेवन करते हैं. उनमें मुख्य रूप से 1 गले दिव्य फेफड़ों का कैंसर हो सकता है और जो लोग ज्यादा सिगरेट का इस्तेमाल करते हैं. या बीड़ी का इस्तेमाल करते हैं उनमें यह मुख्य रूप से देखा जाता है.
2. इसका एक और मुख्य कारण प्रदूषण जा किसी ऐसी फैक्ट्रियां दुकान पर काम करना जहां पर बहुत ज्यादा प्रदूषण होता है. उन लोगो कैंसर बहुत ज्यादा देखा जाता है.
3. जो लोग गंदे इलाकों में रहते हैं या गंदा पानी पीते हैं उनको भी कैंसर होना ज्यादातर देखा गया है.
4. यदि आप किसी भी तरह का गंदा खाना खाते हैं. या आप किसी भी तरह के ऐसे जानवर का मांस खाते हैं. जो बीमार या उसको किसी भी तरह की और दिक्कत है उनके कारण भी आपको कैंसर हो सकता है.तो अब नीचे हम बात करेंगे कि क्या कैंसर का उपचार है या नहीं है क्योंकि बहुत से लोग कैंसर के कारण डर जाते हैं उनके लिए यह जानना बहुत ही जरूरी है तो देखिए.

कैंसर का उपचार

वैसे कुछ लोग यही समझते हैं कि कैंसर होना सिर्फ मौत है. क्योंकि एक बार अगर कैंसर हो जाता है तो लोगों का मानना है कि मौत होगी. लेकिन यह बिल्कुल गलत बात है. यदि कैंसर को शुरुआत से ही समझा जाता है या उसका पता लगाया जाता है. कि कैंसर है तो 90% लोग कैंसर से बिल्कुल ठीक हो सकते हैं. लेकिन अगर कैंसर का पता लगाने में कहीं पर देरी हो जाती है. या उसका सही से इलाज नहीं करवाया जाता है. तो इसके कारण मौत होना भी बहुत ही आसान बात है. वैसे तो अगर देखा जाए तो ज्यादातर लोगों की मौत कैंसर के कारण सिर्फ इसी बात से होती है. कि वह देरी कर देते हैं. और दो प्रकार से की जाती है. एक तो मरीज की देरी और दूसरा डॉक्टर की देरी होती है.

मरीज की देरी

कई बार मरीज को कैंसर के शुरुआती लक्षण का पता नहीं चलता है. इसलिए वह देरी कर पाता है. लेकिन कई बार वह इस डर से देरी करता है. कि अगर वह डॉक्टर के पास गया तो डॉक्टर उसे कहीं कैंसर ना बता दे इसलिए वह डर जाता है. इसलिए वे देरी कर देता है. और उसके बाद वह कैंसर बहुत ज्यादा फैल जाता है. और इसके कारण कई बार मरीज की मौत भी हो जाती है.

डॉक्टर की देरी

ऐसे बहुत से मरीजों के साथ होता है कि जिनकी मौत सिर्फ डॉक्टर की देरी के कारण ही होती है. क्योंकि  कई बार मरीज किसी साधारण से डॉक्टर के पास चला जाता है. या कोई किसी ऐसी डॉक्टर के पास चला जाता है. जिसको कैंसर के लक्षणों और कैंसर के बारे में जानकारी नहीं होती है. और जब वह जाता है. तो वह सिर्फ खांसी का इलाज करने लगता है. लेकिन जब खांसी कई दिनों तक ठीक नहीं हो पाती तो बाद में वह यह बताता है. कि शायद आपको कैंसर है. और तब तक बहुत देर हो चुकी होती है और कैंसर बहुत ज्यादा फैल चुका होता है. इसलिए मरीज की मृत्यु हो जाती है या वह कुछ ही दिन जिंदा रह पाता है.

कैंसर का टीकाकरण

हम आपको बता देते हैं. कि कैंसर का इलाज टीकाकरण के द्वारा भी  किया जाता है. और इस से बचा जा सकता है लेकिन सिर्फ टीकाकरण से एक ही कैंसर से बचा जा सकता है. और उसका नाम सर्वाइकल कैंसर है. आप टीकाकरण करवाकर सर्वाइकल कैंसर से बच सकते हैं. और यह कैंसर महिलाओं में होता है. इस कैंसर का टीका महिलाएं 9 से 45 वर्ष की उम्र में लगवा सकती हैं. 6 महीने में तीन टीके लगाए जाते हैं. इसे किसी भी कैंसर विशेषज्ञ सकते हैं.

कैंसर से कैसे बचें

अब हम बातें करते हैं कि कैंसर से किस तरह से बचा जा सकता है. वैसे तो हम आपको बता देते हैं. इसके बचाव का कोई खास तरीका नहीं है लेकिन कुछ ऐसे तरीके होते हैं. जिनसे हम इसके प्रभाव को रोकने में सक्षम हो सकते हैं. या इससे बच सकते हैं. जैसे

1. आज की युवाओं में सबसे ज्यादा कैंसर होने का कारण है तंबाकू का सेवन है यदि आप बीड़ी सिगरेट पीते हैं. तो आपको बहुत ही जल्दी कैंसर होने का खतरा बढ़ जाता है. यदि आप बीड़ी सिगरेट नहीं पीते हैं. आप किसी ऐसी जगह पर काम करते हैं. जहां पर बहुत ज्यादा दुआ है या आप किसी ऐसे इंसान के पास बैठते हैं. या रहते हैं कि जो बीड़ी सिगरेट का सेवन ज्यादा करता है. तो उससे आपको कैंसर होने के चांस बढ़ते हैं.लगभग 40% कैंसर के मरीजों में कैंसर का कारण तंबाकू बनता है.आपको बीड़ी सिगरेट से दूर रहना.
2.यदि आप किसी भी तरह के तंबाकू गुटखे का सेवन करते हैं या किसी साधारण गुटखे का सेवन करते हैं. तो आप को मुंह का कैंसर बहुत जल्दी होगा. इसलिए आपको गुटखे का सेवन बंद कर देना चाहिए. लेकिन साधारण गुटखे का सेवन करने वाले आदमी को तंबाकू गुटखे का सेवन करने वाले आदमी से कम कैंसर होता है. लेकिन गुटखा किसी भी तरह का हो कैंसर का कारण जरूर बनता है. इसलिए आपको गुटखे को बंद कर देना चाहिए.
3.जो लोग शराब पीते हैं, उनको भी कैंसर जल्दी हो सकता है, क्योंकि और यदि आप शराब पीते हैं. तो आप को मुंह, गले ,सांस की नली खाने की नली आदि में कैंसर हो सकता है. और यदि आप इसके साथ-साथ सिगरेट बीड़ी आदि का इस्तेमाल करते हैं. तो यह किसी जान लेने से कम नहीं है. इससे आपको कैंसर होने का खतरा बहुत ज्यादा बढ़ जाता है. इसके अलावा आपको फैट और नॉनवेज भी कम कर देना चाहिए.
4. आपको तले हुए खाने का इस्तेमाल कम कर देना चाहिए जो लोग तला हुआ खाना खाते हैं या घी मक्खन या अभी उसके ऊपर डालते हैं तो ज्यादा चर्बी वाले खाने से आपको मलाशय कैंसर होने का खतरा बढ़ जाता है क्योंकि इनको हजम करने में ज्यादा एंजाइम और ज्यादा समय लगता है.
5.आपको बार-बार एक्सरे करवाने से बचना चाहिए क्योंकि इसके अंदर से कुछ ऐसे रासायनिक वायरस निकलते हैं. जो हमारे शरीर में कैंसर को बढ़ावा देते हैं.अगर आप कई बार अलग-अलग डॉक्टर के पास जाते हैं और हर डॉक्टर आपको एक एक्सरे के लिए बोलता है तो आपको उनको बताना चाहिए कि आप पहले कितनी बार एक्सरे करवा चुके हैं. ताकि आपके एक्सरे को सोच समझ कर किया जा सके.

तो आज हमने आपको इस पोस्ट में एक बहुत ही बढ़िया और महत्वपूर्ण जानकारी बताई. यह जानकारी आपके लिए जानना बहुत ही जरूरी था.आज हमने आपको इस पोस्ट में कैंसर से संबंधित कुछ महत्वपूर्ण बातें बताई कैंसर क्या होता है. और यह किस से होता है. इसके बचाव के कारण इसके लक्षण इस तरह कुछ महत्वपूर्ण बातें बताई हैं. तो यदि आपको हमारे द्वारा बताई गई है. जानकारी पसंद आए तो शेयर करना ना भूलें और यदि आपका इसके बारे में कोई सवाल या सुझाव हो तो नीचे कमेंट बॉक्स में कमेंट करके हमसे पूछ सकते हैं.

इस पोस्ट में आपको कैंसर का इलाज कैंसर कैसे फैलता है कैंसर कैसे होता है कैंसर का अचूक इलाज कैंसर के प्रकार कैंसर का इलाज संभव है कैंसर के इलाज में खर्च कैंसर की जानकारी के बारे में बताया गया है.

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